आध्यात्मिक प्रत्यक्ष ज्ञान · ऐप में खोलें

प्रश्नोत्तर P17-0040 · भाग 17

गुरु जी, ध्यान कैसे करें?

हर काम को ध्यान से करें — कोई गलती ना हो, कहीं त्रुटि ना हो। कर्म करते हुए विशेष ध्यान रखें कि छल, कपट, चोरी, बेईमानी, प्रपंच, धूर्तता, पाखंड ना हो; ईमानदारी से जीवन जिएं, सत्कर्म में अपने आप को लगाएं। इसके बाद रोज एक-दो घंटे अपने आप में बैठें, जहां कुछ भी ना हो — तन पर बस हल्का कपड़ा हो, कोई विधि नहीं, ना कुछ समझना है, ना कुछ करना है — बस दृष्टा होकर देखते जाइए क्या हो रहा है; धीरे-धीरे समझ में आने लगेगा। इस दौरान जो विचार आएंगे उनको भी दृष्टा बनकर देखते जाइए।

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वीडियो: आत्मज्ञानी और ब्रह्मज्ञानी में क्या भेद है | मन क्या है / #आत्मज्ञानी #ब्रह्मज्ञानी #aadhyatmik · 2024-09-04