आध्यात्मिक प्रत्यक्ष ज्ञान

प्रश्नोत्तर P23-0080 · भाग 23

गुरु जी, मान लीजिए एक बंदा शैतान है और वह गुरु के पास आ गया — तो फिर उस गुरु का क्या रोल है?

वो गुरु फिर उसे शैतानी से छुड़ाने के लिए कर्म करता है — बोलता है, मत कर, जितना करना था कर दिया; फिर कहता है जरूरतमंद की सेवा करो, ईमानदारी से, सत्कर्म से। फिर वो उसे पैगंबर की तरफ, गुरु की तरफ लेकर जाता है। गुरु कभी शिष्य नहीं बनाता, आप यह ना समझना — सही गुरु गुरु बना देगा। गुरु सम बनाता है, गुरु अपने जैसा बनाता है; वो आपको नीचे रखेगा ही नहीं, कभी नहीं। इसलिए तो वह सीधा कहता है कि ईमानदारी-सत्कर्म अपना ले, तू गुरु पद पर जाएगा — उस पद पर आत्मज्ञानी होगा तभी तो आगे बढ़ पाएगा, तभी कल्याण होगा तेरा। इसलिए तो गुरु को श्रेष्ठ बोला गया — दुनिया में सब आपको नीचे रखना चाहते हैं, गुरु ही अपने जैसा बनाता है; इसीलिए गुरु को सब प्रणाम करते हैं।

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वीडियो: अभेद होते हुए भी भेद क्यों लगता है ? #livesatsang #livesatsangyogijika · 2025-03-07